Are Re Kabir Sun Le Kabir Song Download

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अरे रे कबीर सुन ले कबीर, यह गीत प्रकाशित हुआ था 1939 में और अभी भी यह अपने मासूम और सहज रूप में सुनने को तरोताजा दिलाता है। प्रदीप द्वारा लिखा और सुना गया यह गीत एक मधुर संगीत से परिपूर्ण है, जिसे सरस्वती देवी ने संगीतकार के रूप में निर्देशित किया है। यह गीत कंगन एल्बम से निकलकर सुनने वालों का दिल छू लेता है और प्रमुखतः कबीर के श्रेष्ठ संस्कृत कविताओं का अहसास करता है।

कुछ मिनटों के इस सारे समय में, गायक प्रदीप की चितवन से आपको एक अद्वितीय जीवनदृष्टि मिलती है, जो निष्कलंक है और आपके आत्मा को स्वतंत्रता देती है। कोशिश करिए इस गीत को सुनिए, एक शोर के संगम से बाहर निकलिए और प्रकृति की मोहित करने की विरासत को महसूस करिए।

Are Re Kabir Sun Le Kabir - Pradeep MP3 Songs

Album: Kangan

Singers: Pradeep

Music: Pradeep, Saraswati Devi

Duration: 3:06 Min

Label: Saregama

Starcast: Ashok Kumar, Leela Chitnis, Mubarak, Balwant Singh, Ranibala, Saroj Borkar, Jagdish Sethi, Kamlesh Kumari, Najam, Sarla Kumari

Category: Hindi (2025)

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